अंतर्राष्ट्रीय सहयोग और सतत् विकास (आईसीएंडएसडी)

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परिचय


पर्यावरण एवं वन मंत्रालय के अंतर्राष्ट्रीय सहयोग प्रभाग का नाम बदलकर उसे अंतर्राष्ट्रीय सहयोग एवं सतत् विकास प्रभाग (आईसीएंडएसडी) कर दिया गया है| पर्यावरण के क्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय सहयोग से संबंधित कार्य के अलावा, अब प्रभाग को सतत् विकास गतिविधियों में सहयोग करने का अतिरिक्त उत्तरदायित्व सौंपा गया है |

यह विभाग संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी), नैरोबी, दक्षिण एशिया सहकारी पर्यावरण कार्यक्रम (एसएसीईपी), कोलंबो के लिए नोडल विभाग है| इसके अतिरिक्त प्रभाग सतत् विकास आयुक्त, कंट्री कोऑपरेशन फ्रेमवर्क -१ के अंतर्गत यूएनडीपी के पर्यावरण सहायता कार्यक्रम, वैश्विक पर्यावरण सुविधा (जीईएफ) जैसे बहुपक्षीय निकायों और एशिया एवं प्रशांत का आर्थिक एवं सामाजिक आयोग (एस्केप), क्षेत्रीय सहयोग का दक्षिण एशियाई संगठन (सार्क), यूरोपियन यूनियन (ईयू) और भारत कनाडा पर्यावरण सुविधा जैसे क्षेत्रीय निकायों से संबंधित द्विपक्षीय समस्याएं और मामले भी संभालता है.

सतत् विकास के क्षेत्र में प्रभाग द्वारा निम्नलिखित नए कदम उठाए गए हैं :

1. पर्यावरण स्थिति (एसओई) प्रतिवेदन तैयार करना;

2. सतत् विकास सूचक (एसडीआई) तैयार करना.

यह मंत्रालय पर्यावरण संबंधी विभिन्न बहुपक्षीय सम्मेलनों तथा प्रोटोकॉल के लिए सरकार की नोडल एजेंसी है. इनमें शामिल हैं – संकटापन्न प्रजातियों के अंतर्राष्ट्रीय व्यापार पर सम्मेलन, अंतर्राष्ट्रीय महत्व की आर्द्रभूमि पर सम्मेलन, विशेषकर जैसे जलीय-पक्षी आवास, वन्यजीवों की प्रवासी प्रजातियों के संरक्षण पर सम्मेलन, ओज़ोन परत की सुरक्षा पर विएना सम्मेलन, ओज़ोन परत को नष्ट करने वाले पदार्थों पर मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल, जैविक विविधता पर सम्मेलन, जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र फ्रेमवर्क सम्मेलन, क्योटो प्रोटोकॉल, खतरनाक पदार्थों के सीमापारीय आवागमन पर बेसल सम्मेलन, मरूस्थलीकरण का सामना करने के लिए सम्मेलन, सतत् जैविक प्रदूषकों पर स्टॉकहोम सम्मेलन इत्यादि |

भारत, राष्ट्रीय स्तर पर उठाए गए विभिन्न कदमों और कुछ महत्वपूर्ण क्षेत्रीय उपायों द्वारा विभिन्न सम्मेलनों में उत्साह के साथ अपनी प्रतिबद्धता को दोहराता रहा है.

पर्यावरण संबंधी बहुपक्षीय सम्मेलन तथा प्रोटोकॉल इत्यादि, मंत्रालय के संबंधित तकनीकी एवं वैज्ञानिक विभागों द्वारा सम्भाले जा रहे हैं. आईसीएंडएसडी प्रभाग इन सम्मेलनों से संबंधित मामलों में समन्वयन की भूमिका निभाता है. प्रभाग द्वारा पर्यावरण संबंधी विभिन्न सम्मेलनों पर एक सार लाया जाना प्रस्तावित है.

आईसी एंड एसडी प्रभाग ने सतत् विकास पर विश्व शिखर सम्मेलन के लिए प्रतिवेदन तैयार किए हैं जिन्हें यहां देखा जा सकता है:

सतत् विकास पर विश्व शिखर सम्मेलन के लिए प्रतिवेदन

भारत विकास बाज़ार-स्थल (आइडीएम) 2007 – विश्व बैंक

भारत-कनाडा पर्यावरण सुविधा (आईसीईएफ) का स्थिति प्रतिवेदन जो आईसीईएफ परियोजना कार्यालय की गतिविधियों के विवरण के साथ ही सुविधा द्वारा वित्तपोषित अलग-अलग उप-परियोजनाओं के पूर्ण तथा क्रियान्वयन के अधीन, दोनों के विवरण प्रदान करता है. इसे यहां देखा जा सकता है:

एएसईएम परियोजना