परिचय

पर्यावरण एवं मंत्रालय भारतीय वन सेवा (आईएफएस) के लिए “संवर्ग नियंत्रण प्राधिकरण” है । यह एक अखिल भारतीय सेवा, जिसमें 21 राज्य संवर्ग (तीन संयुक्त संवर्गों, असम-मेघालय, मणिपुर-त्रिपुरा तथा अरूणाचल प्रदेश-गोआ-मिज़ोरम, केंद्रशासित प्रदेशों (एजीएमयूटी) सहित) शामिल हैं। सेवा की वर्तमान अधिकृत संख्या 2699 है।

आईएफएस अधिकारियों की सीधी भर्ती संबंधी कार्य, राज्य वन सेवा संवर्गों से पदोन्नति के माध्यम से अधिष्ठापन, विभिन्न संवर्गों के आईएफएस के संयोजन और अधिकारी संख्या के पुनरीक्षण के लिए संवर्ग समीक्षा, विभिन्न राज्य संवर्गों को आईएफएस परिवीक्षाधीनों का आवंटन, पदोन्नति अधिकारियों के आवंटन वर्ष का निर्धारण, केंद्रीय स्टाफिंग स्कीम के अंतर्गत केंद्रीय प्रतिनियुक्ति वानिकी पदों/केंद्रीय सचिवालय के लिए आईएफएस कर्मियों का चयन/नियुक्ति, आईसीएफआरई, आईआईएफएम, डबल्यूआईआई और देश के भीतर और विदेश में आईएफएस कर्मियों के विदेशी कार्यभार सहित स्वशासी निकायों में कर्मियों की प्रतिनियुक्ति, सेवा मामलों, सेवानिवृत्ति-पश्चात्, अंतर-संवर्ग स्थानांतरण एवं प्रतिनियुक्तियों को अंतिम रूप देना, एजीएमयूटी संवर्ग की नियुक्ति एवं अन्य सेवा संबंधी मामलों सहित पदोन्नतियों/स्थानांतरणों का प्रबंधन इत्यादि मंत्रालय के आईएफएस विभाग द्वारा निपटाए जाते हैं।

वर्ष के दौरान, पंजाब, जम्मू और कश्मीर, मणिपुर-त्रिपुरा, बिहार, एजीएमयूटी, हिमाचल प्रदेश और आसाम, मेघालय, महाराष्ट्र, और तमिलनाडु के संवर्गों राज्य/संयुक्त संवर्गों की सशक्तता और संयोजन निर्धारित करते हुए संवर्ग समीक्षा पूर्ण हो चुकी है । आईएफस पदोन्नति विनियमों के अंतर्गत इकतालीस सीधी भर्तियाँ और 83 राज्य वन सेवा अधिकारियों की सीधी भर्ती सेवा में शामिल किया जा चुका है ।

केंद्रीय प्रतिनियुक्ति रिज़र्व के लिए, केंद्र में अठारह राज्य संवर्ग आईएफएस अधिकारियों की नियुक्ति केंद्रीय वानिकी पदों पर की गई है । बयालीस आईएफएस कर्मियों ने संस्थागत प्रशिक्षण पूर्ण करने के बाद अपने संबंधित राज्य संवर्गों में कार्यभार संभाल लिया है । आईएफएस (पदोन्नति द्वारा नियुक्ति) विनियम, 1966 के अंतर्गत 52 वर्ष की आयु पूर्ण न करने वाले, राज्य वन सेवा से पदोन्नत आईएफएस अधिकारियों को अधिष्ठापन प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए पाठ्यक्रम मॉड्यूल को अंतिम रूप दे दिया गया है और उसे अनुपालन के लिए राज्य शासनों को भेज दिया गया है ।